एक और चुनाव में हारी BJP | बिहार BJP JDU में भयंकर बगावत

लाइव आगे है देश और दुनिया थी कुछ और बड़ी खबरों के साथ सबसे पहले जो बड़ी खबार वह बिहार से बिहार में बीजेपी एनडीए की सरकार बन गई मंत्रिमंडल का विस्तार भी हो या लेकिन मंत्री मंडल विस्तार के बाद जो फूट पड़ी है

अब वो बीजेपी और जेडीयू को सकते में डालने वाली है जदयू के विधायक ने गंभीर आरोप लगाते हुए बगावती तेवर अपना लिए हैं जिसके बाद एक बार फिर से बिहार के अन्दर जो राजनीति है उसमें भूचाल आ गया है

दूसरी बड़ी ख़बर एक और चुनाव में वीजेपी अपनी था असदुद्दीन ओवैसी यानी की एमआईएम पार्टी के दिग्गज नेता और प्रसिद्ध असदुद्दीन ओवैसी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर के एक बड़ा बयान दे डाला है जिसके बाद बीजेपी में सन्नाटा साथ ही साथ एमआईएम बीजेपी आमने सामने आ गया है

तीनों बड़ी खबरें एक एक करके आपके सामने रखेंगे इससे पहले एक छोटी सी रिक्वेस्ट अगर आपको भी लगता है जो इस तरह से हमारे देश में किसान भाई सड़कों पर बैठे हुए अपनी मांगों को ले करके सरकार को चाहिए कि किसानों से बात करें पीसफुली सभी मामले का हल निकाला जाना चाहिए अगर आप भी ऐसी मांग करते हैं

तो इस वीडियो को लाइक करके ज्यादा से ज्यादा शेयर करें ताकि वे फॉर्मेशन दूसरे लोगों तक पहुँच अगर आपने अभी तक इस चरण को सप्ताह में किया तो वीडियो के नीचे ही रेड कलर में संस्कृति का होगा उसको दबा कर के चालकों सबसाइट कर लीजिए ताकि हमारे विडियोज आपको डेली मिलते रहे हैं

चलिए बात करते पहली और बड़ी खबरें बिहार बीजेपी को चला रहे नेताओं में विधायको से पैसे ले करके उन्हें मंत्री बनाया है ये आरोप किसी और में नहीं बीजेपी के के प्रदेश अध्यक्ष संजय जयसवाल ने अपनी जाति के लोगों को मंत्री बनाया है ये एक विधायक का कहना है जोकि एनडीए में शामिल हैं बिहार में मंत्रिमंडल विस्तार पर बिफरे विधायक ज्ञानेन्द्र सिंह ज्ञानू ने एक बार फिर से सनसनीखेज आरोप लगा दिया है

विधायक ज्ञानेंद्र सिंह ज्ञानू ने कहा है कि विस्तार सबूतों के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलेंगे और उन्हें बिहार की राजनीति के बारे में और बीजेपी में चल रहे थे से अवगत कराएगा यानी कि उनको इसकी जानकारी देंगे ज्ञानी ने जो सनसनीखेज खुलासा किया है इससे बिहार की रात नीती में एक बार फिर से सन्नाटा पसर गया है

दरअसल बिहार में मंत्रिमंडल विस्तार के दिन ही से ही विधायक ज्ञानेंद्र सिंह ज्ञानो में पार्टी के प्रदेश नेतृत्व के अलावा ऊर्जा खोल रखा है ग्यानी ने कहा कि उन्होंने बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष अध्यक्ष संजय जैसवाल को फ़ोन करके पूछा था कि आखिरकार किस आधार पर नए मंत्रियों को चुना गया है प्रदेश बीजेपी के

आ गया है प्रदेश बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष ज्ञान को बताया कि नीतीश कुमार उन्हें मंत्री मंडल में शामिल नहीं करना चाहते थे इसलिए गानों मंत्री नहीं बनाए गए हैं ज्ञानू ने कहा की ये हैरान करने वाला देने वाली बात है विधायक ज्ञानेंद्र सिंह ज्ञानू ने कहा कि बिहार में पैसे लेकर विधायक को मंत्री बनाया जा रहा है

और मंत्री बनाया गया है प्रदेश अध्यक्ष के ऊपर इस तरह का आरोप उन्होंने लगाया है और इस तरह के आरोप से हर बीजेपी एनडीए में सबकुछ ठीक नहीं है जबकि नितेश कुमार ने खुद एक संभावित दावा किया था खुलासा किया था कि वे इस बार मुख्यमंत्री नहीं बनना चाहते थे लेकिन जबरदस्ती उनको मुख्यमंत्री बनाया गया क्योंकि इस तरह से बीजेपी ने अंदरखाने उनके साथ दिखे बाजी की है

उससे वो अभी तक उबर नहीं पाया और आईसीसी ट्यूशन में अगर मुख्यमंत्री बनते हैं तो यह उनकी एक प्रतिष्ठा के ऊपर बड़ा होगा और इस पर अब कही ना कही खुद बीजेपी के विधायक पुष्टि और मोहर लगाते हुए दिखाई दे रहे हैं आप ने क्या हैं

नीचे कमेंट बॉक्स में अपनी राय जरूर शेयर करें बात करते और बड़ी ख़बर वैसे तो कई राज्यों में हुए निकाय चुनाव के रिज़ल्ट आ चूके हैं और बहुत सारे राज्यों में बीजेपी को सफलता मिली और बहुत सारे राज्यों में बीजेपी को निराशा मिली जैसा कि राजस्थान बीजेपी के हाथ से आ गया साथ ही साथ तमिलनाडु बीजेपी के हाथ से चला गया यानी की बीजेपी के हाथ से चला गया और कई राज्य हैं

जहाँ पर बीजेपी चुनाव हार गए लेकिन आप एक और राज्य के चुनाव में बीजेपी को बड़ा झटका लगा जानकारी के मुताबिक रियासी डीसी अध्यक्ष पति कश्मीर के अंदर आता है यहाँ पर चुनाव हुआ है चौदह सीटों का चुनाव हुआ और चौदह सीटों में बीजेपी को जितनी उम्मीद की यहाँ पर सीधे मिलेंगे उतनी सीटें नहीं मिली है जिसकी वजह से बीजेपी को यहाँ पर उपाध्यक्ष का पद हाथ से गंवाना पड़ा बताया जा रहा है

कि रियासी बीडीसी अध्यक्ष पद पर भाजपा के सर्वाधिक शिमला दौर पर शीर्ष पद पर निर्दलीय एडवोकेट साधना का बिम्ब ने बाजी मारी है डीसी चुनाव में चौदह सीटों पर चुनाव हुआ था चौदह में से सात सीटों पर बीजेपी ने अपनी जीत का परचम लहराया है

जब एक अन्य पर दूसरे कैंडिडेट में चुनौती था जिसकी वजह से बीजेपी को अध्यक्ष पद को मिल गया लेकिन उपाध्यक्ष पद बीजेपी के हाथों से चला गया ये कश्मीर में निकाय चुनाव के बाद अध्यक्ष और उपाध्यक्ष का चुनाव हुआ था तो कहीं न कहीं बीजेपी को अगर एक तरीके से देखें तो बड़ी सफलता भी मिली है दूसरी तरफ बीजेपी को बड़ा झटका लगा है

क्योंकि अध्यक्ष पद के साथ गया उपाध्यक्ष पद उसके हाथ से चला गया ये खेल के दोनों तरफ से एक मामला ही रहा है बुधवार को मिनी सचिवालय में हुए चुनाव में अध्यक्ष पद के लिए भाजपा की ओर से डीसी सदस्य मान सिंह और नेशनल कॉन्फ्रेंस यानी नेता के जगजीवन लाल उपाध्यक्ष पद के लिए

जब जीवन लाल उपाध्यक्ष पद के लिए भाजपा के अब्दुल राशिद और गुलाब बदलाव से जीते निर्दलीय और एलेक्स जॉय सातवाँ गाँधी ने दावेदारी जताई थी दोनों ही पदों के लिए दो उम्मीदवार मैदान में थे डीसी हिन्दू कमल शिव को देखने में मतदान प्रक्रिया शुरू कराई गई थी मतदान के अध्यक्ष पद के भाजपा उसके बाद सराफ सिंह अं ना कुछ चौथा मैच में नौ और नेता के जगजीवन लाल को पांच सदस्यों का समर्थन मिला जिसके च से बीजेपी के खाते में अध्यक्ष पद गया और उपाध्यक्ष पद का जो है

दूसरी पार्टी के खाते में चला गया क्रिकेट तो यह एक और चुनाव में बीजेपी को उम्मीद थी कि अध्यक्ष उपाध्यक्ष दोनों पदों उसके खाते में जाएंगे उसकी उम्मीदों पर पानी फिर गया है और बड़ा झटका लगा है बात करते हैं और बड़ी ख़बर की आप सभी जानते हैं कि गुजरात में लोकल बॉडी इलेक्शन होने जा रहे हैं

और लोकल बॉडी इलेक्शन या कि निकाय चुनाव से पहले असद्दुदीन ओवैसी का दौरा गुजरात में हुआ और असद्दुद्दीन अपने गुजरात के दौरे पर जो बातें कही हैं जीस तरह से बीजेपी को लताड़ा है ये वाकई भी बहुत ही ज्यादा किया है इस दौरान कृषि कानून पर बोलते हुए उन्होंने पीएम मोदी से कहा है

और पीएम मोदी को चैलेंज भी दिया है उन्होंने कहा कि वह प्रदर्शनी के प्रदर्शनकारी किसानों को अपने घर बुलाया जैसे उन्होंने अमेरिका के राष्ट्रपति तत्कालीन राष्ट्रपति को बुलाया था जिसके बाद वह कृषि कानून को रद्द करना चाहिए गुजरात में निकाय चुनाव की जिम्मेदारी संभाले हुए सबसे पहले ओवैसी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर हमला बोला है

और इसी ने कहा कि पीएम मोदी को किसानों को घर बुला करके उनकी बात से बात करनी चाहिए और फिर नए कृषि कानूनों को निरस्त करना चाहिए वैसे रैली को संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री को प्रदर्शनकारियों को अपने निवास पर आमंत्रित करें जैसे कि तत्कालीन राष्ट्रपति अमेरिका के जॉन बराक ओबामा की मेजबानी उन्होंने की थी जब दूसरे देश के राष्ट्रपति को अपने घर में को बुला सकते हैं

तो देश की के साथ जो देश की रीढ़ की हड्डी हैं उनको देश के प्रधानमंत्री अपने घर में बुला सकते हैं या उनसे बातचीत नहीं कर सकते तो इंसान ही चीजो को मानते आ करते हुए असफल निवेश से देश के प्रधानमंत्री पर हमला बोलते हुए बड़ा पास आता है और उन्होंने गुजरात के विकास चुनाव का भी आगाज कर दिया है

आपको अपनी इस प्रकार हैं नीचे कमेंट बॉक्स में अपनी राय को जरूर करी है वीडियो को लाइक ज्यादा से ज्यादा क्षेत्री तक कि एक प्रमोशन दूसरे लोगों तक पहुंचने के कुछ आपको पता है