ब्रेकिंग | किसानों बड़ा ऐलान | BJP में भयंकर बगावत

आते होंगे मोदी सरकार के द्वारा बनाए गए तीन रस्सी कानूनों के अलावा पूरे देश में विरोध प्रदर्शन जारी है और यह प्रदर्शन आप थमने का नाम बीजेपी लगातार मुश्किलें बढ़ती जाती है और इसी से जुड़ी तीन बड़ी खबरें आ रही है और कृषि कानून को लेकर के बीजेपी के अंदर एक बार फिर से भारी बगावत शुरू हो गई है एक एक करके तीन बड़ी खबरें आपके सामने रखेंगे इससे पहले एक छोटी सी रिक्वेस्ट अगर आपको भी लगता है

अच्छा अच्छी हॉस्पिटल हासिल की और किसानों को उनकी एमएसपी और युवाओं को रोजगार की जरूरत है बजाय इसके कि अलग अलग कानून बनाए अगर आप इस बात से सहमत हैं वीडियो को लाइक करके चलने को संस्कृत जरूर खाएं सबसे पहले जो बड़ी ख़बर है वह किसानों ने एक बड़ा ऐलान कर दिया है

जिससे मोदी सरकार की नींद उड़ गई दरअसल था कुछ दिन पहले ऐसा बताया जा रहा था और मोदी मीडिया के द्वारा फैलाई जा रही थी कि किसानों का प्रदर्शन पूरी तरह से खत्म हो गया लेकिन राकेश टिकैत के एक ऐलान के बाद लगातार किसानों को रूमाना जा रही है राकेश टिकैत की आँखों से सब के आसूं अवसरा बन रहे हैं

किसान आंदोलन बिहार में अपना असर दिखाता हुआ नजर आ रहा मुझे पर लगा मथुरा वाटफोर्ड के बाद अब भी चुनाव में हजारों किसान जुट गए हैं जानकारी के मुताबिक उन्होंने केंद्र सरकार के ख़िलाफ़ जमकर नारेबाजी की है किसान नेताओं ने किसानों से बच की तयारी में जुटने का आह्वान भी किया है क्योंकि करोड़ों की शाम को दिल्ली जाना पड़ सकता है ऐसी अपडेट इस महापंचायत की महापंचायत पुलिस मामले की जांच के बाद सैकड़ों की संख्या में बैठ कर गाजीपुर बॉर्डर के लिए रवाना हो गए हैं ये एक बड़ी ख़बर है

बताया जा रहा है विवाद कृषि कानूनों की सलाह दिल्ली बॉर्डर पर चल रहे आंदोलन में जनवरी की घटना के बाद बदले घटनाक्रम से एक बार वे किसानों में उबाल आ गया आज इसकी गवाही बिजनौर में भी है आय आईटीआई कॉलेज के मैदान में भारतीय किसान यूनियन की तरफ से सम्मान बचाओ महापंचायत की गई और उसने बताया जा रहा है कि लोग लाखों की तादाद में इकट्ठा हुए थे और सरकार के ख़िलाफ़ जमकर नारेबाजी की है और बात यहाँ तक की भी है

जानकारी के मुताबिक बिजनौर में कारों की तादात में बताया कि बिजनौर से अलग अलग राज्यों से आये इंसान अब दिल्ली बॉर्डर की तरफ कूच कर गए जिससे तमाचा तो है ही साथ ही सरकार की मुश्किल अभी से बढ़ेगी साथ ही यहाँ पर एक और बड़े अपडेट एक रेल बताया जा रहा था ट्रेन जो है पंजाब में जिसका नाम है वो

हैउन किसानों जो उसमें बैठ करके प्रदर्शन रखने पर जा रहे थे यानी कि किसान उसे ट्रेन के अंदर बैठ कर के है और बॉर्डर के ऊपर जा रहे थे उस तेल का अब सरकार के इशारे पर किया गया हो या किसके इशारे भेज दिया गया हालाँकि ये साफ नहीं है

ट्रेन का जो रूप है जो डाइवर्ट कर दिया गया एक हज़ार किसानों से भरा रही पंजाब मेल का रूट डाइवर्ट कर दिया दिल्ली में रुकने ही नहीं किया गया है ट्रेन को तो सोचे बदल दिया गया फिरोजपुर से चलकर मुंबई जा रही ट्रेन को दिल्ली में रोका ही नहीं गया है

इसके पीछे की वजह से कही जा रही फिरोजपुर में एक हज़ार की संख्या में किसान रबादा हमें थे जो दिल्ली के साथ आंदोलन शामिल होने के लिए जा रहे थे लेकिन जब सरकार और कह लीजिए या कोई दूसरे लोगों को उन्हें भनक लगी जिसमें किसान प्रदर्शन के लिए शामिल होने जा रहे हैं

तब ट्रेन का रूट डाइवर्ट कर दिया गया और फिर को दिल्ली में रुकने ही मिल जाएगा आप सोचें जो बातें कही जाती है कि आप की स्कूल में प्रवेश कर सकते हैं आप को इसका अधिकार है तो कभी स्कूल पोस्टर्स में शामिल होने वाले लोगों के लिये ट्रेन में सफर करना भी मुश्किल है उनको वहाँ तक लेजा लेजा जा रहा है ट्रेनों के रूट डाइवर्ट कर दी जाती है

आपनी प्रकार नीचे कमेंट बॉक्स सॉफ्टवेयर को जरूर करें बात करते हैं और बढ़ती बीजेपी के अलग अब कृतिका दोनों के ख़िलाफ़ एक बार फिर से रही है इससे पहले कई नेताओं ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया लेकिन अब जो ख़बर है वो चौकाने वाले एक ओर संसद ने बीजेपी से बगावत कर दी भाजपा के राज्यसभा सांसद सुब्रमण्यम स्वामी अपने बयानों को लेकर हमेशा चर्चा में रहते हैं इस बार उन्होंने दावा किया है

इस आंदोलन से निपटना का जो रास्ता होगी सरकार को सुझाया है उसे मोदी सरकार सकते में आ गई है और बताया जा रहा है कि शुक्र स्वामी को लगभग एक दर्जन से ज्यादा चुनाव में कहा है कि केंद्र सरकार को इन कानूनों को राज्यों के लिए वैकल्पिक कर देना चाहिए जो भी राजा केन्द्र से इन कानूनों को लागू करने की मांग करें केवल उन्हीं राज्यों एक कानून लागू किया जाए ये जो है

एक और रास्ता सुब्रमण्यम स्वामी ने मोदी सरकार को दिया दिल्ली में हुई हिंसा के बाद सुब्रमण्यम स्वामी ने बड़ा बयान दिया था उन्होंने कहा था कि इस घटना से पीएम मोदी प्रधानमंत्री अमित शाह की छवि को नुकसान पहुंचा उन्होंने यह भी कहा था कि सुरक्षा की दृष्टि से यह एक बड़ी चूक है

उन्होंने यह भी कहा कि हो सकता है कि चीन मार्च से मई तक सबसे बड़ी घटना को अंजाम दे रे

सबसे बड़ी घटना को अंजाम दे एक दिन पहले ही भाजपा नेता उमा भारती ने सुब्रमण्यम स्वामी की तारीफों के पुल बांध दिए थे और आप सुब्रमण्यम स्वामी ने जो रास्ता मोदी सरकार को दिखाया है उससे बाद फिर से सरकार ने हर कम क्या है शुक्रवार के स्वामी का साफ तौर पर यह कहना है ये जो कानून है

ये राज्यों पर छोड़ दिया यानी की राह अगर चाहे तो उसको लागू करे राजमा चाहें तो अपना लागू करें इस तरह वैकल्पिक इसको बनाया जाए ना कि ये की जबरदस्ती किसी के ऊपर थोप दिया जाए प्रदेश में लागू करें और ये बात उन्होंने कही यह बीजेपी को शायद पसंद आता है लेकिन सुब्रमण्यम स्वामी के साथ जो एक दर्जन से ज्यादा और भी जो हैं

असत सहमत इससे रखना फिर से यूटर ले सकती हैं अब देखना यह होगा कि सरकारी कानूनों में इस तरह का बदलाव करेगी क्या इस पर फिर से कोई यानी की करप्शन करे ये देखने वाली बात है आप की अपनी प्रक्रिया है नीचे कमेंट बॉक्स में अपनी रैंक को जरूर क्षेत्रीय चले और बड़ी अपडेट में आपको देता हूँ कृषि मंत्री नरेंद्रसिंह तोमर क्योंकि उन्होंने कृषि कानून लाया और लाने के बाद जीस तरह से हो परेशानी में हैं

ये तो उनको ही पता लगातार कई पार्टी के नेताओं ने उनको लेकर के बयान के बहुत सारे उन्होंने कहा कि जो है कृषि मंत्री जो हैं उन्होंने विस्तार से कानून व्यवस्था बीजेपी के अंदर ही फ़ूड हैं लेकिन कि हम किसानों से बातचीत के लिए अभी भी रेडी है के साथ जाने तो हम से बात कर सकते हैं

लेकिन जिसतरह से दिल्ली के अंदर आप लोगों के पर्दे कीजिये बड़े बड़े इलेक्ट्रॉनिक जा रहा है बैरिकेटिंग की जा रही थी

इससे किसान और सरकार के बीच अभी जो रास्ता तक आप फिर से बताया कि हम शांतिपूर्ण बात के लिए रेडी वो निकलता हुआ दिखाई नहीं दिया और एमएसपी की गारंटी को लेकर भी की वो लाइक ज्यादा से ज्यादा क्षेत्रीयता की एक फर्म से दूसरे लोगों तक पहुँच मिलते कुछ आप